…वो कहर बरसाती है – एम के पाण्डेय ‘निल्को’

वह पायल नहीं पहनती पांव में बस एक काले धागे से कहर बरसाती हैउसकी यही अदा तो ‘निल्को’मुझे उसका दीवाना बनाती हैबहुत मजे से इठलाती है गूढ़ व्यंग की… Read more “…वो कहर बरसाती है – एम के पाण्डेय ‘निल्को’”

जौ के ठेकाने ना, सतुआने के तैयारी – भोजपुरी व्यंग्य -एन डी देहाती

14 अप्रेल 17 के सतुआन ह। अब लखनऊआ , दिल्लिहिया कहि दिहे सतुआन का होला। पुरबिहन से पूछ ल। सतुआन के पुरवर परिभाषा बता दीहें। सतुआ भी… Read more “जौ के ठेकाने ना, सतुआने के तैयारी – भोजपुरी व्यंग्य -एन डी देहाती”

यात्रा वर्णन द्वारा एम के पाण्डेय निल्को

घड़ी में करीब सुबह के सात बज रहे थे, डैडी को सिद्धेश उर्फ़ यश के स्कूल में मीटिंग में शामिल होने जाना था तभी उनकी नज़र बालकनी… Read more “यात्रा वर्णन द्वारा एम के पाण्डेय निल्को”

सबसे पहले मतदान फिर करें और काम

आओ चलें मतदान करें, सबसे पहले मतदान, फिर करें और काम, आपका एक-एक वोट महत्वपूर्ण है,  मतदान अवश्य करें, मतदान प्रतिशत बढ़ाएं। सारे काम छोड़ दो सबसे… Read more “सबसे पहले मतदान फिर करें और काम”

मन की बात – एम के पाण्डेय निल्को

हम में से ज्यादातर लोगों का कोई टाईम टेबल नहीं होता, जब मन किया पढने बैठ जाते हैं, जो मन किया किताब उठा लेते हैं और पढने… Read more “मन की बात – एम के पाण्डेय निल्को”

हिन्दी भाषा उस समुद्र जलराशि की तरह है ,जिसमें अनेक नदियाँ मिली हों।

भारत देश एक बहुभाषी राष्ट्र है। जहाँ अंग्रेजी जैसी विदेशी भाषा के अतिरिक्त अनेक प्रकार की भारतीय भाषाएँ , उपभाषाएँ , आंचलिक भाषाएँ , बोलियाँ ,उपबोलियाँ आदि बोली जाती हैं। इन भाषाओं में हिंदी एकता… Read more “हिन्दी भाषा उस समुद्र जलराशि की तरह है ,जिसमें अनेक नदियाँ मिली हों।”

सूखा लोगों द्वारा ही पैदा किया गया?

प्रकृति और प्राणी दोनों ही एक दूसरे के सहचर हैं। दोनों मे से किसी एक के भी द्वारा पैदा किए गए असन्तुलन से दोनों को ही अस्वाभाविक… Read more “सूखा लोगों द्वारा ही पैदा किया गया?”

तीन बातें

√.तीन चीजों को कभी छोटी ना समझे – बीमारी, कर्जा, शत्रु।→→→←←←←→→→←←← •√.तीनों चीजों को हमेशा वश में रखो – मन, काम और लोभ।→→→←←←←→→→←←← •√.तीन चीज़ें निकलने पर… Read more “तीन बातें”

हनुमान जयंती – आज भी जीवित हैं हनुमान

कहते है पवनपुत्र हनुमान जैसा कोई नहीं, भक्त तो कई है लेकिन जो बात रूद्र अवतार हनुमान जी में हैं वो किसी में नहीं। भगवान शिव के… Read more “हनुमान जयंती – आज भी जीवित हैं हनुमान”

आना कभी मेरे देश मै आपको राजस्थान दिखाता हूँ

आँखों के दरमियान मैंगुलिस्तां दिखाता हुँ,आना कभी मेरे देश मैं आपको राजस्थानदिखाता हुँ|खेजड़ी के साखो पर लटके फूलो की कीमतबताता हुँ,मै साम्भर की झील से देखना कैसे… Read more “आना कभी मेरे देश मै आपको राजस्थान दिखाता हूँ”